कोटा | निश्चल शर्मा

एनएसयूआई कोटा शहर और कोटा देहात के संयुक्त तत्वावधान में गुरुवार को राजकीय महाविद्यालय, कोटा के बाहर काला दिवस मनाया गया। इस दौरान एनएसयूआई कार्यकर्ताओं ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का सांकेतिक पुतला दहन कर केंद्र सरकार और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ प्रदर्शन किया।

प्रदर्शन का नेतृत्व एनएसयूआई कोटा शहर जिलाध्यक्ष मोहित वाल्मीकि और कोटा देहात जिलाध्यक्ष रिद्धम शर्मा ने किया। कार्यकर्ताओं ने चुनाव प्रक्रिया में पारदर्शिता और कथित वोट चोरी के आरोपों की निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग उठाई।

देहात जिलाध्यक्ष रिद्धम शर्मा ने कहा कि यदि मुख्य चुनाव आयुक्त इस्तीफा नहीं देते और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एवं गृह मंत्री अमित शाह इस मामले में माफी नहीं मांगते हैं, तो संगठन देशभर में आंदोलन को तेज करेगा।

वहीं, शहर जिलाध्यक्ष मोहित वाल्मीकि ने आरोप लगाया कि लोकतांत्रिक अधिकारों को कमजोर किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि विपक्ष द्वारा उठाए जा रहे चुनाव संबंधी सवालों का निष्पक्ष तरीके से जवाब दिया जाना चाहिए। शांतिपूर्ण प्रदर्शन करना प्रत्येक नागरिक का अधिकार है।

प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने जमकर नारेबाजी की। महाविद्यालय के बाहर कुछ समय के लिए यातायात भी प्रभावित हुआ। एनएसयूआई नेताओं ने कहा कि छात्र हित, लोकतांत्रिक अधिकार और जनहित के मुद्दों को लेकर संगठन का आंदोलन आगे भी जारी रहेगा।

प्रदर्शन में लोकेंद्र कुमार, रोहित मेघवाल, दिव्यांश सोनी, अफ़ज़ल, अर्जुन, प्रिंस वैष्णव, रवि मीणा, हर्ष मीना, धनंजय सिंह, रेहान ख़ान, हर्ष गौतम सहित अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे।