कटनी। पितृमोक्ष अमावस्या के पावन अवसर पर शनिवार, 10 अक्टूबर को कटनी नदी के मसुरहा घाट स्थित ब्राह्मण सत्संग भवन में ‘एक शाम पितरों के नाम’ कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा। इस दौरान भजन संध्या, दीपदान एवं प्रसाद वितरण के साथ श्रद्धापूर्वक पितृपक्ष की विदाई की जाएगी। आयोजन की तैयारियां अंतिम दौर में पहुंच गई हैं।

आयोजन समिति के अनुसार, पितृ हमारे जीवन की वह जड़ हैं, जिनसे हमारा अस्तित्व जुड़ा है। उनकी स्मृति में प्रज्वलित किया गया दीप श्रद्धा, कृतज्ञता और प्रेम का प्रतीक माना जाता है। *पंडित चंदन अशोक महाराज* के पावन सानिध्य में आयोजित इस कार्यक्रम का उद्देश्य दिवंगत पितरों का स्मरण कर उन्हें श्रद्धापूर्वक दीप अर्पित करना और उनके आशीर्वाद की कामना करना है।

कार्यक्रम में भजन संध्या के साथ दीपदान किया जाएगा। दीपदान के उपरांत श्रद्धालुओं के लिए प्रसाद वितरण भी होगा। आयोजन समिति ने शहरवासियों से सपरिवार कार्यक्रम में शामिल होकर अपने पितरों को श्रद्धापूर्वक स्मरण करने और भजन-कीर्तन के साथ उन्हें दीप अर्पित करने का आग्रह किया है।

श्रद्धालुओं से अपने घर से आटे के पांच दीपक बनाकर लाने की अपील की गई है, ताकि सामूहिक दीपदान के माध्यम से पितरों के प्रति श्रद्धा और कृतज्ञता प्रकट की जा सके।